शिवपुरी। पिछले कई वर्षों की भांति इस वर्ष भी श्री बालाजी धाम मंदिर पर मेहंदीपुर बालाजी की तर्ज पर होली मनाने की सभी तैयारियां पूर्ण कर ली गई हैं यहां पर शिवपुरी जिले की सबसे विशाल होली का दहन किया जाएगा। विशेष बात यह है कि यहां की पूरी होली गाय के गोबर से बने कंडों की बनाई जाती है जिसका धूंआ वातावरण को शुद्ध करता है ना कि प्रदूषित, कंडो से बनी होली के ऊपर होलिका मैया की प्रतिमा जो प्रहलाद जी को गोद में बिठाए हुए होती है उसे विराजमान किया जाता है। यहां पर आने वाले दर्शनार्थियों एवम संकट धारियों के लिए विशेष पूजा विधान का आयोजन होलीका दहन के दिन किया जाता है नारियल उसारकर होलिका मैया में दहन कराये जाते है।
अधिक जानकारी देते हुए श्री बालाजी धाम मंदिर के व्यवस्थापक श्री नीरज उपाध्याय ने बताया कि होलीका दहन के अवसर पर संकटग्रस्त लोगों के लिये विशेष प्रक्रिया का आयोजन श्री बालाजी धाम मंदिर पर किया जाता है। जिसमें किया कराया, चौकी, बंधन काटे जायेंगे, क्योंकि यहां पर होली का विशेष महत्व है। जीवन में सुख शांति एवं समृद्धि हेतु ग्रहकलेश, आपसी मतभेद, संतानहीनता, नौकरी, व्यापार, कोर्ट कचहरी, ऊपरी बाघा, तांत्रिक क्रिया, मानसिक रोग, लाईलाज बीमारी, नजर, हाय, विवाह जैसी अनेकों समस्याओं के निवारण हेतु नारियल के उसारे किये जाते हैं,
इच्छुक व्यक्ति रोगी के साथ 17 मार्च 2022, गुरुवार को शाम 6 बजे तक मंदिर में उपस्थित रहें और अपने कष्टों से होलिका दहन के अवसर पर तीव्र गति से मुक्ति पायें। उल्लेखनीय है कि श्री बालाजी धाम मंदिर सन 2000 में बनकर तैयार हुआ और तभी से लगातार जहां पर सभी तरह के त्यौहार हर्षोल्लास के साथ मनाया जाते हैं। यहां पर मुख्य रूप से होली महोत्सव हनुमान जन्मोत्सव, गुरु पूर्णिमा आदि त्योंहार मुख्य रूप से धूमधाम से मनाए जाते हैं।
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