जिला अस्पताल में 200 बिस्तरों के मातृ एवं शिशु विंग से होगा विस्तारशिवपुरी-केंद्रीय संचार एवं पूर्वोत्तर क्षेत्र विकास मंत्री एवं गुना सांसद ज्योतिरादित्य सिंधिया ने रविवार को शिवपुरी में आयोजित दिशा बैठक की अध्यक्षता करते हुए जिले में चल रहे विकास कार्यों की गहन समीक्षा की और उसके पश्चात प्रेस वार्ता को संबोधित किया। सिंधिया ने कहा कि शिवपुरी में विकास और प्रगति के नए आयाम स्थापित करने के लिए प्रशासन, जनप्रतिनिधियों और सभी विभागों के साथ समन्वय बनाकर लगातार काम किया जा रहा है। उन्होंने मेडिकल कॉलेज, जिला अस्पताल, प्रशासनिक अमले एवं सभी सहयोगी संस्थाओं को धन्यवाद देते हुए कहा कि सामूहिक प्रयासों से ही बड़े परिणाम संभव हो रहे हैं।
जल स्रोतों की सफाई और स्थायी समाधान पर फोकस
सिंधिया ने बताया कि चांदपाठा, माधव सागर और साख्या सागर में जलकुंभी की समस्या पर व्यापक चर्चा हुई है। उन्होंने कहा कि लगभग 85-90त्न सफाई कार्य मशीन के मदद से पूर्ण हो चुका है, शेष 10-15त्न कार्य शीघ्र पूरा किया जाएगा। मंत्री सिंधिया ने निर्देश दिए कि अस्थायी और स्थायी- दोनों समाधान तैयार किए जाएं, ताकि भविष्य में सीवेज और गंदा पानी इन जल स्रोतों में प्रवेश न कर सके।
सिंचाई परियोजनाओं से किसानों को मिलेगा बड़ा लाभ
सिंधिया ने बताया कि सनकाटा माध्यम सिंचाई परियोजना से 4500 हेक्टेयर भूमि सिंचित होगी और 22 गांवों शिवपुरी और पिछोर विधान सभा को लाभ मिलेगा। उन्होंने पाइपलाइन की गुणवत्ता की जांच के निर्देश दिए। बिजरोनी सिंचाई योजना (27 करोड़) से 450 हेक्टेयर क्षेत्र को लाभ मिलेगा, जिसके लिए भूमि अधिग्रहण और फॉरेस्ट क्लीयरेंस को शीघ्र पूरा करने के निर्देश दिए गए हैं। उन्होंने बताया कि लोअर ओर मेजर लिफ्ट सिंचाई परियोजना लगभग 3500 करोड़ की है, जिससे 1 लाख हेक्टेयर भूमि और शिवपुरी के 213 गांव लाभान्वित होंगे। इस परियोजना के तहत 347 एमसीएम पानी उपलब्ध होगा, जिसमें 26 एमसीएम पेयजल और 320 एमसीएम सिंचाई के लिए होगा। सिंधिया ने इस योजना को महत्वाकांक्षी बताते हुए कहा कि इसका बांध बन गया है और कैनाल सिस्टम को नवंबर 2026 तक पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है और लंबित कार्यों को शीघ्र प्रारंभ करने के निर्देश दिए गए हैं।
पेयजल और सीवेज परियोजनाओं में तेजी
केंद्रीय मंत्री ने बताया कि 80 करोड़ की पेयजल योजना में फीडर मेन और ओवरहेड टंकियों का कार्य पूर्ण हो चुका है। कुल 40 किमी डिस्ट्रीब्यूशन पाइपलाइन में से 8.5 किमी शेष है, जिसे मई तक पूरा करने का लक्ष्य है। उन्होंने बताया कि 62 करोड़ रुपये का भुगतान किया जा चुका है और शेष राशि चरणबद्ध तरीके से जारी की जाएगी। सीवेज परियोजना की जानकारी देते हुए सिंधिया ने कहा कि 20 एमएलडी क्षमता का एसटीपी पूर्ण रूप से तैयार हो चुका है। 95 किमी सीवेज लाइन में से 83 किमी की जांच पूरी हो चुकी है, जबकि शेष 12 किमी में 2614 मैनहोल्स की जांच की जा रही है। उन्होंने निर्देश दिए कि मैनहोल्स की जियो-टैगिंग कर सभी विभागों को जानकारी दी जाए, ताकि भविष्य में किसी प्रकार की बाधा न आए। सिंधिया ने बताया कि पोहरी रेलवे ओवरब्रिज का कार्य तेजी से चल रहा है और इसे अगले वर्ष तक पूर्ण करने का लक्ष्य है। चांदपाठा बांध सुदृढ़ीकरण के लिए ?80 करोड़ की डीपीआर तैयार है, जिस पर राज्य सरकार से समन्वय किया जा रहा है।



No comments:
Post a Comment