शिवपुरी। जिला मुख्यालय पर सोमवार को शिवपुरी जिला अधिवक्ता संघ के बैनर तले अधिवक्ताओं ने करैरा में दिनदहाड़े गोली मारकर की गई साथी वकील की नृशंस हत्या के विरोध में जोरदार प्रदर्शन किया। आक्रोशित अधिवक्ताओं ने न्यायालय परिसर से रैली निकालते हुए कलेक्ट्रेट पहुंचकर जिला कलेक्टर को ज्ञापन सौंपा।ज्ञापन में अधिवक्ताओं ने करैरा में हुई इस जघन्य घटना कोसमूह उच्च न्याय जगत पर हमला बताया साथ ही दिवंगत अधिवक्ता संजय सक्सेना के परिजनों को शासन स्तर पर एक सदस्य को शासकीय नौकरी एवं एक करोड़ रुपये की आर्थिक सहायता प्रदान किए जाने की मांग उठाई गई। अधिवक्ताओं ने मध्यप्रदेश में लंबे समय से लंबित अधिवक्ता सुरक्षा अधिनियम को शीघ्र लागू किए जाने की भी पुरजोर मांग की, ताकि भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकी जा सके और अधिवक्ताओं को कार्य के दौरान सुरक्षा मिल सके। बार एसोसिएशन ने ज्ञापन के माध्यम से करैरा थाना प्रभारी (टीआई) को तत्काल प्रभाव से निलंबित किए जाने सहित अन्य मांगों पर शीघ्र अमल की अपेक्षा व्यक्त की। उन्होंने कहा कि यदि शासन-प्रशासन ने समय रहते ठोस कदम नहीं उठाए तो अधिवक्ता समुदाय प्रदेश स्तर पर व्यापक आंदोलन के लिए बाध्य होगा। इस विरोध प्रदर्शन में शिवपुरी बार एसोसिएशन के समस्त अधिवक्ता बड़ी संख्या में उपस्थित रहे और एकजुटता का परिचय दिया। अधिवक्ताओं ने स्पष्ट किया कि जब तक न्याय नहीं मिलेगा, उनका संघर्ष जारी रहेगा।
शिवपुरी। जिला मुख्यालय पर सोमवार को शिवपुरी जिला अधिवक्ता संघ के बैनर तले अधिवक्ताओं ने करैरा में दिनदहाड़े गोली मारकर की गई साथी वकील की नृशंस हत्या के विरोध में जोरदार प्रदर्शन किया। आक्रोशित अधिवक्ताओं ने न्यायालय परिसर से रैली निकालते हुए कलेक्ट्रेट पहुंचकर जिला कलेक्टर को ज्ञापन सौंपा।ज्ञापन में अधिवक्ताओं ने करैरा में हुई इस जघन्य घटना कोसमूह उच्च न्याय जगत पर हमला बताया साथ ही दिवंगत अधिवक्ता संजय सक्सेना के परिजनों को शासन स्तर पर एक सदस्य को शासकीय नौकरी एवं एक करोड़ रुपये की आर्थिक सहायता प्रदान किए जाने की मांग उठाई गई। अधिवक्ताओं ने मध्यप्रदेश में लंबे समय से लंबित अधिवक्ता सुरक्षा अधिनियम को शीघ्र लागू किए जाने की भी पुरजोर मांग की, ताकि भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकी जा सके और अधिवक्ताओं को कार्य के दौरान सुरक्षा मिल सके। बार एसोसिएशन ने ज्ञापन के माध्यम से करैरा थाना प्रभारी (टीआई) को तत्काल प्रभाव से निलंबित किए जाने सहित अन्य मांगों पर शीघ्र अमल की अपेक्षा व्यक्त की। उन्होंने कहा कि यदि शासन-प्रशासन ने समय रहते ठोस कदम नहीं उठाए तो अधिवक्ता समुदाय प्रदेश स्तर पर व्यापक आंदोलन के लिए बाध्य होगा। इस विरोध प्रदर्शन में शिवपुरी बार एसोसिएशन के समस्त अधिवक्ता बड़ी संख्या में उपस्थित रहे और एकजुटता का परिचय दिया। अधिवक्ताओं ने स्पष्ट किया कि जब तक न्याय नहीं मिलेगा, उनका संघर्ष जारी रहेगा।

No comments:
Post a Comment