गीता पाठ में हुए शामिल और गीता के प्रति अपनी भावनाऐं की व्यक्तशिवपुरी। श्रीराम जानकी तुलसी आश्रम पर गुड़ी पड़वा से प्रारंभ हुए गीता पाठ में शामिल होने के लिए विदेशी मेहमान भी यहां पर पहुंचे। सनातन की सुंदरता और सुदृढ़ता से प्रभावित होकर सनातन धर्म में श्रद्धा आस्था रखने वाले विदेशी भक्तों ने भी यहां पर गीता पाठ में भागीदारी की और गीता के प्रति अपनी भावनाएं भी व्यक्त की।
मंदिर पर पधारे विदेशी भक्तों का महामंडलेश्वर श्री पुरुषोत्तम दास जी महाराज एवं मंदिर के आस्थावान धर्म प्रेमी जन के द्वारा अभिनंदन किया गया। विदेशी मेहमानों पर पुष्प वर्षा कर स्मृति चिन्ह और पटका पहनाकर स्वागत वंदन किया गया। उपस्थित धर्म प्रेमी जनों को संबोधित करते हुए महामंडलेश्वर श्री पुरुषोत्तम दास जी महाराज ने अपने आशीर्वचनों से सभी को कृतार्थ करते हुए कहा कि महामंडलेश्वर नीलमणि दास जी हमारे शिवपुरी की पावन धरा मे ही जन्मे है और आज उन्होंने सनातन का ध्वज भारत ही नहीं अपित कई देशों में भी फहरा दिया है, यहां नीलमणि दास जी महाराज ने कहा की कथा कैंसिल नहीं की गई है कथा स्थगित की गई है आने वाले जल्द ही समय में कथा और अधिक भव्यता पूर्ण तरीके से कराई जाएगी।
इस दौरान विदेश रसिया से आई बेतलाना (गुरु दीक्षा नाम लक्ष्मी देवी दास) के द्वारा बड़े हनुमान जी के सामने हनुमान चालीसा का पाठ सुनाकर सभी को अचंभित कर दिया गया। विदेशी भक्तों के द्वारा यहां पर रामधुनी भी की गई थी। स्वागत सम्मान की बेला में त्रिलोक चंद्र अग्रवाल (बल्लू भैया 72) के द्वारा सभी को मोतियों की माला पहनकर स्वागत किया गया। कार्यक्रम के दौरान मुख्य रूप से वरिष्ठ समाज सेवी भूपेंद्र पटेल, जानकी सेना राष्ट्रीय अध्यक्ष विक्रम सिंह रावत, ब्राह्मण समाज अध्यक्ष पुरुषोत्तम कांत शर्मा, शत्रुघ्न तोमर, महेंद्र जैन, रामस्वरूप नायक, बीएम शर्मा, राम प्रकाश शर्मा, संजय शर्मा (आजाद),हरगोविंद शर्मा, अशोक रावत, देवेंद्र यादव, मंजुला जैन, एडवोकेट रेनू भार्गव, गोपाल त्रिवेदी, रोहिताश नायक, श्रीनिवास उपाध्याय, नरेंद्र ढीगर्रा आदि सहित सैकड़ो सनातनी उपस्थित थे।

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