शिवपुरी-बच्चों के स्वस्थ भविष्य को सुनिश्चित करने के उद्देश्य से शासकीय माध्यमिक विद्यालय गुडा ब्लॉक कोलारस में टीकाकरण सुरक्षा का कवच विषय पर बच्चों के लिए एक विशेष जागरूकता सत्र आयोजित किया गया। सत्र का मुख्य उद्देश्य बच्चों को सरल और रोचक तरीके से यह समझाना था कि टीकाकरण क्यों जरूरी है और यह बीमारियों से कैसे बचाता है।सत्र के अंत में बच्चों ने खूब सवाल पूछे। क्या टीका लगवाने से हम बड़े होकर बीमार नहीं पड़ेंगे, जैसे सवालों के जवाब वैज्ञानिक तथ्यों के साथ दिए गए। कार्यक्रम के अंत में सभी बच्चों को मैंने टीका लगवाया, मैं सुरक्षित हूं, की शपथ के साथ जागरूक किया गया व संबाद मे सही जबाब देने वाले बच्चों को पुरुष्कार देकर सम्मानित किया गया। विद्यालय के प्राचार्य राजेश कुमार धाकड़ ने कहा बच्चों को छोटी उम्र से ही स्वास्थ्य के प्रति जागरूक करना जरूरी है। जब बच्चे खुद समझ जाएंगे तो वे अपने घर में भी माता-पिता को टीकाकरण के लिए प्रेरित करेंगे। इस पहल का उद्देश्य समुदाय में टीकाकरण को लेकर फैली भ्रांतियों को दूर करना और 100त्न टीकाकरण लक्ष्य को प्राप्त करना है।
टीका क्या है? और टीका क्यों जरूरी है? बताए कारण
डॉक्टरों ने बच्चों को बताया कि टीका एक दवा है जो हमारे शरीर को बीमारियों से लडऩे में मदद करती है। इसे शरीर का सुपरहीरो कवच कहा गया। बताया गया कि पोलियो, खसरा, टेटनस, डिप्थीरिया, कालीखांसी जैसी गंभीर बीमारियां टीके लगवाने से रोकी जा सकती हैं। टीका लगवाने से न सिर्फ बच्चा सुरक्षित रहता है बल्कि पूरे परिवार और दोस्त भी सुरक्षित रहते हैं। ब्लॉक समन्वयक कमल किशोर बाथम व शिक्षकों ने इंजेक्शन के डर को दूर करने के लिए कहानी, पोस्टर के माध्यम से समझाया। बच्चों को बताया गया कि 2 सेकंड की चुभन, जिंदगी भर की सुरक्षा देती है।
डॉक्टरों ने बच्चों को बताया कि टीका एक दवा है जो हमारे शरीर को बीमारियों से लडऩे में मदद करती है। इसे शरीर का सुपरहीरो कवच कहा गया। बताया गया कि पोलियो, खसरा, टेटनस, डिप्थीरिया, कालीखांसी जैसी गंभीर बीमारियां टीके लगवाने से रोकी जा सकती हैं। टीका लगवाने से न सिर्फ बच्चा सुरक्षित रहता है बल्कि पूरे परिवार और दोस्त भी सुरक्षित रहते हैं। ब्लॉक समन्वयक कमल किशोर बाथम व शिक्षकों ने इंजेक्शन के डर को दूर करने के लिए कहानी, पोस्टर के माध्यम से समझाया। बच्चों को बताया गया कि 2 सेकंड की चुभन, जिंदगी भर की सुरक्षा देती है।

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